बीएचयू में फिर बवाल, बसों में लगाई आग, एटीएम उखाड़े

स्रोत: न्यूज़ नेटवर्क      तारीख: 21-Dec-2017

-छात्र नेता की गिरफ्तारी पर भड़के छात्र

वाराणसी।
मारपीट, रंगदारी सहित अन्य आरोपों में समाजवादी छात्रसभा से जुड़े नेता आशुतोष सिंह ईशु की गिरफ्तारी के विरोध में बुधवार को काशी हिंदू विश्वविद्यालय सुलग गया। दोपहर बाद करीब दो घंटे तक पूरा परिसर आतंक के साये में रहा। दर्जनों की संख्या में छात्रों ने जमकर उत्पात मचाया। कई गाड़ियों में तोडफोड़ करने के साथ एक स्कूली बस में आग लगा दी गई। हर तरफ चीख-पुकार मची रही। सिंहद्वार से विश्वनाथ मंदिर, नरिया गेट, हिंदी भवन, कला संकाय तक लोग जान बचाकर भागते रहे। राह चलती महिलाओं और अन्य लोगों से दुर्व्यवहार व मारपीट की गई। सीसीटीवी कैमरा तोड़े गए और गार्डों को भी पीटा गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन मूकदर्शक बना रहा। सुरक्षाकर्मी चंद अधिकारियों की सुरक्षा में लगे रहे।

सबसे पहले छात्रों ने सिंहद्वार बंद कर प्रदर्शन किया था। यहां पर अधिकारियों से विवाद के बाद छात्र उग्र हो गए। मुख्य द्वार बंद होने के कारण न तो कोई बाहर जा पा रहा था और न ही कोई अंदर आ पा रहा था। उधर, पुलिस सिंहद्वार के बाहर खड़ी रही। शाम छह बजे के बाद किसी तरह मामला शांत हुआ। इसके बाद भी कैंपस में रहने वाले व गुजरने वालों में दहशत व्याप्त थी।  पिछले माह आईआईटी के छात्रों की ओर से एक कार्यक्रम आयोजित था। बिड़ला हास्टल के छात्रों ने यह आरोप लगाते हुए कार्यक्रम को रोक दिया था कि डीजे नाइट से महामना की बगिया शर्मसार होगी। आइआइटी प्रशासन की ओर से आरोप लगाया गया था कि कार्यक्रम रोकने पहुंचे छात्रों ने मारपीट और लूटपाट की थी। इस संबंध में प्रशासन ने आशुतोष सिंह सहित अज्ञात 100 लोगों के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराई थी। वहीं छात्रों ने भी पलटवार करते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस का कहना है कि आशुतोष के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी था। कुछ दिनों पहले ब्रोचा के समीप गर्ल्स हॉस्टल के निर्माण के दौरान रंगदारी मांगने का आरोप भी है। आरोप है कि आरोपी ईशु ने रंगदारी की मांग की।