ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव पर अमेरिका की राजनीति भी गरमा गई है। अमेरिकी सीनेटर क्रिस मर्फी ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर तीखा हमला बोला है। उनका कहना है कि ईरान के साथ टकराव में ट्रंप ने हालात का गलत आकलन किया और अब पूरा खाड़ी क्षेत्र गंभीर संकट की ओर बढ़ रहा है।
सीनेटर मर्फी ने कहा कि ट्रंप को लगा था कि ईरान की चेतावनियां सिर्फ दिखावा हैं, लेकिन अब हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने की कगार पर है। इससे वैश्विक महंगाई और ऊर्जा संकट का खतरा बढ़ गया है।
खार्ग द्वीप पर हमले का दावा
इस बीच राष्ट्रपति ट्रंप ने G7 बैठक के दौरान कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान के महत्वपूर्ण सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है। उनके मुताबिक, ईरान के अहम रणनीतिक इलाके खार्ग द्वीप पर बमबारी की गई है। ट्रंप का दावा है कि इस कार्रवाई में वहां मौजूद सैन्य अड्डों को भारी नुकसान पहुंचा है और तेल से जुड़ा बुनियादी ढांचा भी प्रभावित हुआ है। इससे खाड़ी क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है।
होर्मुज स्ट्रेट को लेकर बढ़ी चिंता
खाड़ी क्षेत्र से दुनिया के बड़े हिस्से में तेल की सप्लाई इसी समुद्री रास्ते से होती है। ट्रंप ने कहा कि जो देश इस रूट से तेल लेते हैं, उन्हें इसकी सुरक्षा में आगे आना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि चीन, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया और ब्रिटेन जैसे देश यहां अपने युद्धपोत भेज सकते हैं। हालांकि फिलहाल किसी भी देश ने इस तरह की तत्काल योजना का संकेत नहीं दिया है।
'महंगाई बढ़ेगी, कोई स्पष्ट योजना नहीं'
सीनेटर मर्फी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कई पोस्ट करते हुए कहा कि ट्रंप प्रशासन के पास संकट से निकलने की स्पष्ट रणनीति नहीं है। उनके मुताबिक, अगर होर्मुज स्ट्रेट लंबे समय तक बाधित रहा तो तेल की कीमतों में बड़ा उछाल आ सकता है। इसका असर दुनिया भर में खाद्य महंगाई पर भी पड़ेगा।
मर्फी ने यह भी कहा कि तेल टैंकरों को सैन्य सुरक्षा देकर सुरक्षित निकालना इतना आसान नहीं होगा। इसके लिए बड़ी नौसैनिक ताकत की जरूरत पड़ेगी और उस दौरान भी हमलों का खतरा बना रहेगा।
It’s crystal clear now that Trump has lost control of this war. He badly misjudged Iran’s ability to retaliate. The region is on fire.
— Chris Murphy ? (@ChrisMurphyCT) March 14, 2026
1/ I’m going to explain to you in this?what I’ve learned - in part from closed door briefings - about the four biggest current crises.
ड्रोन हमलों से बढ़ सकता है संकट
सीनेटर के मुताबिक, ईरान की मिसाइलों को रोकना संभव हो सकता है, लेकिन उसके सस्ते और हथियारबंद ड्रोन ज्यादा चुनौती बन सकते हैं। ईरान बड़ी संख्या में ऐसे ड्रोन का इस्तेमाल कर सकता है, जो खाड़ी क्षेत्र के तेल प्रतिष्ठानों को लगातार निशाना बना सकते हैं। अगर ऐसा हुआ तो तेल उत्पादन और सप्लाई दोनों पर असर पड़ेगा, जिससे वैश्विक बाजार में अस्थिरता और बढ़ सकती है।
युद्ध खत्म करने की सलाह
मर्फी ने कहा कि हालात पहले से अनुमानित थे और यही वजह थी कि अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपतियों ने इस तरह का युद्ध शुरू नहीं किया। उनका मानना है कि अब जब स्थिति नियंत्रण से बाहर होती दिख रही है, तो ट्रंप प्रशासन को जल्द से जल्द युद्ध खत्म करने की दिशा में कदम उठाना चाहिए। उनके मुताबिक, यही एक तरीका है जिससे बड़े तेल संकट और वैश्विक महंगाई जैसी संभावित आपदा को रोका जा सकता है।