नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) आज अपना 47वां स्थापना दिवस पूरे देश में उत्साह के साथ मना रही है। 6 अप्रैल 1980 को स्थापित हुई इस पार्टी ने चार दशकों से अधिक के राजनीतिक सफर में केंद्र और कई राज्यों में सत्ता हासिल की है। स्थापना दिवस के मौके पर देशभर में पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
इस अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से कार्यकर्ताओं को शुभकामनाएं दीं और पार्टी की विचारधारा तथा योगदान को याद किया।
अमित शाह ने दोहराया ‘राष्ट्र प्रथम’ का संदेश
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने स्थापना दिवस पर संदेश साझा करते हुए कहा कि भाजपा ने देश की सुरक्षा, आंतरिक मजबूती, विकास और सांस्कृतिक मूल्यों को आगे बढ़ाने के संकल्प को लगातार निभाया है।
उन्होंने पार्टी की विचारधारा को स्पष्ट करते हुए कहा कि भाजपा का मूल मंत्र हमेशा “राष्ट्र पहले, पार्टी बाद में और स्वयं अंतिम” रहा है। उनके अनुसार, यही सिद्धांत पार्टी की कार्यशैली और संगठनात्मक शक्ति की आधारशिला है।
दृढ़ संकल्प वह शक्ति है, जो कठिन से कठिन चुनौती को भी आसान बना देती है। हमारे परिश्रमी कार्यकर्ता इसके जीवंत उदाहरण हैं, जिन्होंने अपने समर्पण और सेवा-भाव से भाजपा को इस ऐतिहासिक ऊंचाई तक पहुंचाया है। पार्टी के स्थापना दिवस पर उन्हें मेरी ढेरों शुभकामनाएं।
— Narendra Modi (@narendramodi) April 6, 2026
सिद्धिः साध्ये… pic.twitter.com/l9XNM8Djsn
पीएम मोदी ने कार्यकर्ताओं को दी शुभकामनाएं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी भाजपा कार्यकर्ताओं को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता अपने समर्पण और परिश्रम के माध्यम से भाजपा को इस ऐतिहासिक ऊंचाई तक लेकर आए हैं। पीएम मोदी ने कहा कि दृढ़ संकल्प और सेवा भावना ही वह शक्ति है, जिसने कठिन परिस्थितियों में भी पार्टी को आगे बढ़ाया है।
भाजपा का राजनीतिक सफर
भारतीय जनता पार्टी की जड़ें भारतीय जनसंघ से जुड़ी हुई मानी जाती हैं, जिसकी स्थापना 1951 में श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने की थी। बाद में आपातकाल के दौर में विभिन्न विपक्षी दलों के साथ मिलकर जनता पार्टी बनी, लेकिन आंतरिक मतभेदों के कारण यह गठबंधन टूट गया। इसके बाद 1980 में भारतीय जनता पार्टी का गठन हुआ। शुरुआती दौर में पार्टी का प्रदर्शन सीमित रहा। 1984 के लोकसभा चुनाव में भाजपा को केवल 2 सीटें मिली थीं।
राष्ट्रहित सर्वोपरि के संकल्प के प्रति समर्पित भाजपा के स्थापना दिवस की सभी कार्यकर्ताओं को हार्दिक शुभकामनाएँ।
— Amit Shah (@AmitShah) April 6, 2026
डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की राष्ट्रवादी चिंतन और वैचारिक प्रेरणा से बनी भारतीय जनता पार्टी की स्थापना केवल एक राजनीतिक घटना नहीं,… pic.twitter.com/kIbrpgM0Ke
हालांकि इसके बाद राजनीतिक परिस्थितियां बदलने लगीं। 1989 के चुनाव में पार्टी ने 80 से अधिक सीटें जीतकर मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई। 1996 में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी और 161 सीटों तक पहुंच गई, जिससे उसका राष्ट्रीय स्तर पर प्रभाव बढ़ गया। आज भाजपा देश की सबसे प्रमुख राजनीतिक पार्टियों में से एक मानी जाती है, जिसकी सरकार केंद्र के साथ कई राज्यों में भी है।