नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) में एक बड़े संगठनात्मक फैसले के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। पार्टी ने राज्यसभा में उपनेता पद से राघव चड्ढा को हटा दिया है और उनकी जगह अशोक मित्तल को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पार्टी का बड़ा फैसला, बदली जिम्मेदारी
AAP ने इस बदलाव की जानकारी राज्यसभा सचिवालय को पत्र के जरिए दी। साथ ही यह भी कहा गया कि अब राघव चड्ढा को सदन में पार्टी की ओर से बोलने का समय न दिया जाए। इस फैसले ने राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाओं को जन्म दिया है।
कुमार विश्वास का बयान वायरल
इस घटनाक्रम के बाद कुमार विश्वास का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। करीब डेढ़ साल पुराने इस वीडियो में उन्होंने इशारों में कहा था कि पार्टी में जो नेता तेजी से उभरता है, उसे किनारे किया जा सकता है। अब इस बयान को राघव चड्ढा के हालिया घटनाक्रम से जोड़कर देखा जा रहा है।
राघव चड्ढा का जवाब
पद से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर वीडियो जारी कर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उन्हें खामोश जरूर किया गया है, लेकिन इसे हार नहीं माना जाना चाहिए। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि समय आने पर वह अपनी बात और मजबूती से रखेंगे। इस बयान के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया है।
पार्टी नेताओं ने उठाए सवाल
AAP के कई नेताओं ने राघव चड्ढा की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। नेताओं का कहना है कि पार्टी अरविंद केजरीवाल की विचारधारा पर काम करती है और सभी को उसी दिशा में काम करना चाहिए। कुछ नेताओं ने आरोप लगाया कि राघव चड्ढा जरूरी मुद्दों पर सक्रिय भूमिका नहीं निभा रहे थे।
नए उपनेता का बयान
नए उपनेता अशोक मित्तल ने इस बदलाव को सामान्य संगठनात्मक प्रक्रिया बताया। उन्होंने कहा कि राघव चड्ढा ने उन्हें पद मिलने पर बधाई भी दी है। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम ने पार्टी के अंदरूनी समीकरणों को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं और आने वाले समय में इसका राजनीतिक असर देखने को मिल सकता है।