नर्मदापुरम जिले के सिवनी मालवा क्षेत्र के एक किसान और कलाकार ने अपनी अनोखी कला से लोगों का ध्यान खींचा है। ग्राम सुपरली निवासी किसान एवं कलाकार योगेंद्र पाल सिंह सोलंकी ने प्रधानमंत्री Narendra Modi की तस्वीर झालमुड़ी यानी मुरमुरे के दानों से तैयार की है। इस खास चित्रकला को उन्होंने पश्चिम बंगाल में भाजपा की जीत और शपथ ग्रहण समारोह को समर्पित किया है।सोलंकी की यह कलाकृति सोशल मीडिया और स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है। उनका कहना है कि यह सिर्फ एक चित्र नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, संघर्ष, सादगी और जनसामान्य की भावनाओं का प्रतीक है।
‘झालमुड़ी भारत की सादगी और संघर्ष की पहचान’
योगेंद्र पाल सिंह सोलंकी के मुताबिक झालमुड़ी देश के आम जनजीवन से जुड़ा खाद्य पदार्थ है, जो सादगी और संघर्ष का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने कहा कि अलग-अलग राज्यों में इसे अलग नामों से जाना जाता है, लेकिन इसकी मूल भावना एक जैसी रहती है।सोलंकी ने कहा कि यही भारत की “विविधता में एकता” की असली ताकत है। उन्होंने बताया कि बंगाल चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के झालमुड़ी खाने की चर्चा पूरे देश में हुई थी और इससे इस पारंपरिक खाद्य पदार्थ को नई पहचान मिली।
बंगाल चुनाव से जोड़ा खास संदेश
कलाकार सोलंकी ने अपनी इस कला को बंगाल में भाजपा की जीत से भी जोड़ा। उनका मानना है कि सामान्य जनजीवन से जुड़ी चीजें जब राष्ट्रीय नेतृत्व से जुड़ती हैं, तो वे लोगों की भावनाओं का हिस्सा बन जाती हैं।उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के झालमुड़ी खाने का संदेश देश और दुनिया में तेजी से फैला और इसका असर बंगाल चुनाव में भी देखने को मिला।
महापुरुषों के संघर्ष का भी किया जिक्र
सोलंकी ने स्वतंत्रता संग्राम के दौर को याद करते हुए कहा कि देश के महापुरुषों ने सीमित संसाधनों में सादगीपूर्ण जीवन जीते हुए संघर्ष किया। ऐसे समय में सामान्य खाद्य पदार्थ ही उनकी ऊर्जा और संकल्प का आधार बनते थे।उनका कहना है कि आज भी सामान्य लोगों से जुड़ी चीजें समाज को जोड़ने और प्रेरित करने का काम करती हैं। इसी सोच के साथ उन्होंने झालमुड़ी से प्रधानमंत्री मोदी की यह अनोखी तस्वीर तैयार की।