थाने पर आने वाले पीड़ितों की फरियाद सुनकर उन्हें न्याय दिलाने वाले दबंग पुलिस अधिकारी अब अपने ही विभाग की कार्यप्रणाली के कारण थानों के चक्कर लगाने पर मजबूर हैं। कोई असामाजिक तत्वों का शिकार हो रहा है, तो कोई धोखाधड़ी का शिकार होकर खुद को ठगा महसूस कर रहा है। जैसा कि कहा जाता है समय कब क्या करा दे, कहा नहीं जा सकता। इन दिनों खाकीधारियों के साथ भी कुछ ऐसा ही हो रहा है।
शहर के कई थानों की कमान संभाल चुके सेवानिवृत्त उप पुलिस अधीक्षक राकेश गुप्ता इन दिनों सीएसपी हिना खान के कारण परेशान हैं। न्याय के लिए उन्हें न केवल थाने के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं, बल्कि सीएम हेल्पलाइन का भी सहारा लेना पड़ रहा है, लेकिन उनकी कहीं सुनवाई नहीं हो रही है। वहीं एडीजी राजाबाबू सिंह के शासकीय बंगले पर युवकों ने हंगामा कर दिया, जिसकी उन्हें शिकायत करना पड़ी। शहर से लेकर राजधानी तक तेजतर्रार अधिकारियों को अपनी पीड़ा अपने ही विभाग में दर्ज करानी पड़ रही है।
दूसरे पक्ष से चेक लेने के बाद भी सुनवाई नहीं
विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र स्थित हरिशंकरपुरम निवासी सेवानिवृत्त डीएसपी राकेश गुप्ता ने वर्ष 2022 में अलापुर में पांच बीघा जमीन खरीदने के लिए संतोष गुर्जर व योगेन्द्र तिवारी से 50 लाख रुपए में सौदा किया था। अनुबंध के समय उन्होंने 27.50 लाख रुपए के चेक दिए थे।किसी विवाद के चलते रजिस्ट्री नहीं हो सकी और न ही रकम वापस की गई। राकेश गुप्ता ने पुलिस में शिकायत की, लेकिन आरोप है कि विश्वविद्यालय सर्किल की नगर पुलिस अधीक्षक हिना खान ने दूसरे पक्ष से चेक लेने के बाद भी उन्हें वापस नहीं दिए। कई बार शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। सीएम हेल्पलाइन में शिकायत करने पर भी कोई समाधान नहीं निकला।
एडीजी को करनी पड़ी सुरक्षा की मांग
भोपाल के त्रिलंगा स्थित शासकीय आवास में रह रहे एडीजी (ट्रेनिंग) राजाबाबू सिंह को पुलिस महानिदेशक और पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखकर सुरक्षा की मांग करनी पड़ी।18-19 मार्च 2026 को कार में सवार युवक उनके बंगले पर पहुंचे और सुरक्षाकर्मी के साथ अभद्रता करते हुए गाली-गलौज की। हालांकि पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन इतने वरिष्ठ अधिकारी को भी अपनी सुरक्षा की चिंता करनी पड़े, तो आमजन की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
आरक्षक पर पेट्रोल डालने का प्रयास
उटीला थाने में पदस्थ आरक्षक अनिल के साथ भी गंभीर घटना सामने आई। एक नशेड़ी ने उसके ऊपर और डायल-112 वाहन पर पेट्रोल डालकर आग लगाने का प्रयास किया।इस तरह की घटनाएं बताती हैं कि खाकी अब खुद असुरक्षित महसूस कर रही है। बदमाशों का हौसला बढ़ता नजर आ रहा है और पुलिसकर्मी अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंतित हैं।
शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं
सेवानिवृत्त डीएसपी राकेश गुप्ता का कहना है कि योगेन्द्र तिवारी और संतोष गुर्जर ने जमीन के मामले में धोखाधड़ी की है। कई बार शिकायत करने के बावजूद सीएसपी हिना खान ने कोई कार्रवाई नहीं की।उन्होंने आरोप लगाया कि योगेन्द्र द्वारा दिए गए चेक को रोकने के लिए हिना खान ने दो लाख रुपए भी लिए। गुप्ता ने न्यायालय में इस्तगासा दायर किया है, लेकिन पुलिस जांच आगे नहीं बढ़ रही है।
- राकेश गुप्ता, सेवानिवृत्त डीएसपी