प्रमोद दुबे
भोपालः जुलाई 2025 में भोपाल के चर्चित मछली परिवार अर्थात शारिक मछली, शफीक मछली, सोहेल मछली एवं अन्य के खिलाफ भोपाल पुलिस द्वारा एमडी ड्रग्स और योन शोषण, ब्लैकमेलिंग जमीन के कब्जे आदि माफिया क्रियाकलापों के विरुद्ध दर्ज किये गऐ 13 गंभीर मुकदमे, 100 करोड़ से अधिक की सरकारी जमीन पर कब्जे जैसे हाई प्रोफाइल मामलों को लेकर मछली परिवार की गिरफ्तारी के बाद यह मामला राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग एवं भोपाल पुलिस के बीच आरोप प्रत्यारोप से जुड़ता हुआ अब राष्ट्रीय मामला होता जा रहा है। आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो भोपाल पुलिस की कार्रवाई को संतोषजनक नहीं मानते। उन्होंने आज भोपाल पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा है कि अधिकारियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई की जाएगी जो एक अपने आप में मिशाल बनेगी।
भोपाल पुलिस अफसरों की कार्रवाई संतोषजनक नहीं - कानूनगो
पिछले एक वर्ष के अंतराल में भोपाल के सबसे अधिक चर्चित मछली परिवार के खिलाफ भोपाल पुलिस की कार्रवाई को लेकर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सक्रिय सदस्य प्रियंक संतुष्ट नजर नहीं आते
लगभग 1 महीने पहले भी भोपाल के कार्यक्रम के दौरान उन्होंने भोपाल पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए थे,आज एक बार फिर से उन्होंने भोपाल पुलिस के तमाम अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि यासीन अहमद उर्फ यासीन मछली के परिवार के विरुद्ध जितना गंभीर मामला है,उतनी गंभीर भोपाल की पुलिस नहीं है। भोपाल पुलिस की कार्रवाई के विषय में उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण की जानकारी जो अदालत में पेश की गई है उसकी जानकारी भी मानवाधिकार आयोग को है। चेतावनी भरे लहजे में उन्होंने कहा कि संबंधित अधिकारियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई की जाएगी, जो मिशाल बनेगी। कुल मिलाकर मछली परिवार को लेकर भोपाल पुलिस और मानवाधिकार आयोग अब आमने-सामने दिखाई दे रहे हैं।
लव जिहाद के खिलाफ प्रोजेक्ट संकल्प से जागृति जारी रहेगी
उपरोक्त संबंध में आज प्रियंक कानूनगो ने स्पष्ट कहा कि मछली परिवार का साम्राज्य निश्चित रूप से राजनीतिक संरक्षण की देन रहा। स्वदेश से हुई चर्चा में उन्होंने कहा कि लव देहात को लेकर भोपाल में लगातार सक्रियता रहेगी। इस विषय में प्रोजेक्ट संकल्प प्रारंभ हो चुका है। सामाजिक संगठनों के सहयोग से 8 महीने में सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। उपरोक्त संबंध में स्कूल एवं कॉलेज में जागृति अभियान के साथ-साथ लगभग 7000 कॉलेज जाने वाली छात्राओं को एवं 1000 से अधिक फैकल्टी मेंबर्स को जेंडर क्राइम, एवं अन्य कार्यक्रमों से जोड़ते हुए अपराधों के तौर तरीकों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। निश्चित रूप से आने वाले तीन चार वर्षो में हिंदू समाज की संपूर्ण पीढ़ी को जागरूक करने का यह प्रयास सकारात्मक रूप से दिखाई देगा।