सिंहस्थ-2028 और बढ़ती आतंकी चुनौतियों को देखते हुए मध्यप्रदेश सरकार पुलिस की आतंकवाद-रोधी क्षमता को नई मजबूती देने जा रही है। भोपाल के तुमड़ा क्षेत्र में करीब 200 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक आतंकवाद-रोधी केंद्र (काउंटर टेररिज्म सेंटर) बनाया जाएगा। इस केंद्र में एनएसजी की तर्ज पर प्रदेश पुलिस के 250 विशेष कमांडो तैयार किए जाएंगे, जो आतंकवाद, बंधक संकट, वीवीआईपी सुरक्षा और अन्य आपात स्थितियों से निपटने में सक्षम होंगे।
NSG जैसे तैयार होंगे 250 कमांडो
मध्यप्रदेश सरकार की ओर से इसे सीटीसी (काउंटर टेररिज्म सेंटर) नाम दिया जाएगा। बॉडी-वॉर्न कैमरा, आधुनिक हथियारों के संचालन, ड्रोन और साइबर तकनीक में दक्ष होने पर ही इस विशेष दस्ते में शामिल होने का अवसर मिलेगा।प्रदेश में फिलहाल आतंकवाद निरोधी दस्ता (एटीएस) का 50 जवानों का एक विशेष दल है। पुलिस मुख्यालय की ओर से नए दस्ते के लिए हरियाणा के मानेसर की तर्ज पर प्रदेश में एक केंद्र बनाने की योजना पर कार्य शुरू हो गया है, जिसके लिए अगले वर्ष तक का लक्ष्य रखा गया है।
देश विरोधी ताकतों से जुड़ा है नेटवर्क
प्रदेश में कई मौकों पर देश विरोधी ताकतों से जुड़े लोगों के नेटवर्क का पता चला है। इनमें मध्यप्रदेश पुलिस ने केंद्र सरकार द्वारा प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के 20, हिज्ब उत तहरीर (एचयूटी) के 14, इंडियन मुजाहिद्दीन (आईएम) के 5, इस्लामिक स्टेट ऑफ इराक एंड सीरिया (आईएसआईएस) के 4 तथा स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) के 17 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है।
इस केंद्र को इतना आधुनिक बनाया जा रहा है कि इसमें अन्य राज्यों के पुलिसकर्मियों को भी प्रशिक्षण दिया जा सकेगा। सिंहस्थ-2028 के दौरान बाहरी ताकतें किसी भी प्रकार की साजिश को अंजाम न दे सकें और संभावित चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके, इसके लिए इस विशेष दस्ते को तैयार किया जा रहा है।पूरी कवायद सिंहस्थ-2028 को ध्यान में रखकर की जा रही है, जिस पर लगभग 200 करोड़ रुपये खर्च होने की संभावना है।